April 2018

नरकों की विभिन्न गतियां

परमहंस स्वामी निखिलेश्वरानंद। राजा परीक्षित ने पूछा महर्षि! लोगों को जो ये ऊँची-नीची गतियाँ प्राप्त होती है, उनमें इतनी विभिन्नता क्यों है। श्री शुकदेव जी ने कहा राजन ! कर्म करने वाले पुरुष सात्विक, राजस…